यदि पाकिस्तान का हमारे देश के किसी भी हिस्से को हड़पने का इरादा है, तो उसे नए सिरे से सोचना चाहिए। मैं स्पष्ट रूप से कहना चाहता हूँ कि बल का बल से सामना होगा और हमारे खिलाफ़ आक्रामकता कभी भी सफ़ल नहीं होने दी जायेगी - yadi paakistaan ka hamaare desh ke kisee bhee hisse ko hadapane ka iraada hai, to use nae sire se sochana chaahie. main spasht roop se kahana chaahata hoon ki bal ka bal se saamana hoga aur hamaare khilaaf aakraamakata kabhee bhee safal nahin hone vaalee hogee.) : लाल बहादुर शास्त्री

यदि पाकिस्तान का हमारे देश के किसी भी हिस्से को हड़पने का इरादा है, तो उसे नए सिरे से सोचना चाहिए। मैं स्पष्ट रूप से कहना चाहता हूँ कि बल का बल से सामना होगा और हमारे खिलाफ़ आक्रामकता कभी भी सफ़ल नहीं होने दी जायेगी। : Yadi paakistaan ka hamaare desh ke kisee bhee hisse ko hadapane ka iraada hai, to use nae sire se sochana chaahie. main spasht roop se kahana chaahata hoon ki bal ka bal se saamana hoga aur hamaare khilaaf aakraamakata kabhee bhee safal nahin hone vaalee hogee.) - लाल बहादुर शास्त्री

विज्ञान और वैज्ञानिक कार्यों में सफलता असीमित या बड़े संसाधनों का प्रावधान करने से नहीं मिलती बल्कि यह समस्याओं और उद्दश्यों को बुद्धिमानी और सतर्कता से चुनने से मिलती है और सबसे बढ़कर जो चीज चाहिए वो है निरंतर कठोर परिश्रम - vigyaan aur vaigyaanik kaaryon mein saphalata aseemit ya bade sansaadhanon ka praavadhaan karane se nahin milatee hai balki yah samasyaon aur uddashyon ko samajhee aur satarkata se chunane se milatee hai aur sabase badhakar jo cheej chaahie vah nirantar kathor parishram hai. : लाल बहादुर शास्त्री

विज्ञान और वैज्ञानिक कार्यों में सफलता असीमित या बड़े संसाधनों का प्रावधान करने से नहीं मिलती बल्कि यह समस्याओं और उद्दश्यों को बुद्धिमानी और सतर्कता से चुनने से मिलती है और सबसे बढ़कर जो चीज चाहिए वो है निरंतर कठोर परिश्रम। : Vigyaan aur vaigyaanik kaaryon mein saphalata aseemit ya bade sansaadhanon ka praavadhaan karane se nahin milatee hai balki yah samasyaon aur uddashyon ko samajhee aur satarkata se chunane se milatee hai aur sabase badhakar jo cheej chaahie vah nirantar kathor parishram hai. - लाल बहादुर शास्त्री

हम अपने देश के लिए आज़ादी चाहते हैं, पर दूसरों का शोषण कर के नहीं, ना ही दूसरे देशों को नीचा दिखाके, मैं अपने देश की आजादी ऐसे चाहता हूँ कि अन्य देश मेरे आजाद देश से कुछ सीख सकें, और मेरे देश के संसाधन मानवता के लाभ के लिए प्रयोग हो सकें. - hum apne desh ke lie aazadi chahte hain par doosro ka shoshan karke nahi, na hi doosre desho ko neecha dikha ke : लाल बहादुर शास्त्री

हम अपने देश के लिए आज़ादी चाहते हैं, पर दूसरों का शोषण कर के नहीं, ना ही दूसरे देशों को नीचा दिखाके, मैं अपने देश की आजादी ऐसे चाहता हूँ कि अन्य देश मेरे आजाद देश से कुछ सीख सकें, और मेरे देश के संसाधन मानवता के लाभ के लिए प्रयोग हो सकें. : Hum apne desh ke lie aazadi chahte hain par doosro ka shoshan karke nahi, na hi doosre desho ko neecha dikha ke - लाल बहादुर शास्त्री

यदि मैं एक तानाशाह होता तो धर्म और राष्ट्र अलग-अलग होते. मैं धर्म के लिए जान तक दे दूंगा. लेकिन यह मेरा निजी मामला है। राज्य का इससे कुछ लेना देना नहीं है। राष्ट्र धर्मनिरपेक्ष कल्याण, स्वास्थ्य, संचार, विदेशी संबंधो, मुद्रा इत्यादि का ध्यान रखेगा, लेकिन मेरे या आपके धर्म का नहीं. वो सबका निजी मामला है - yadi main ek tanashah hota to dharm aur rashtra alag alag hote, main dharm ke liye jaan de dunga, yah mera niji maamla hai, rashta ka isse kuchhlena dena nahi hai. : लाल बहादुर शास्त्री

यदि मैं एक तानाशाह होता तो धर्म और राष्ट्र अलग-अलग होते. मैं धर्म के लिए जान तक दे दूंगा. लेकिन यह मेरा निजी मामला है। राज्य का इससे कुछ लेना देना नहीं है। राष्ट्र धर्मनिरपेक्ष कल्याण, स्वास्थ्य, संचार, विदेशी संबंधो, मुद्रा इत्यादि का ध्यान रखेगा, लेकिन मेरे या आपके धर्म का नहीं. वो सबका निजी मामला है। : Yadi main ek tanashah hota to dharm aur rashtra alag alag hote, main dharm ke liye jaan de dunga, yah mera niji maamla hai, rashta ka isse kuchhlena dena nahi hai. - लाल बहादुर शास्त्री

भ्रष्टाचार को पकड़ना बहुत कठिन काम है, लेकिन मैं पूरे जोर के साथ कहता हूँ कि यदि हम इस समस्या से गंभीरता और दृढ संकल्प के साथ नहीं निपटते तो हम अपने कर्तव्यों का निर्वाह करने में असफल होंगे. - bhrashtachar ko pakadna bahut kathin kaam hai. lekin main poore jor ke stah kahna chahta hu ki yadi hum sheeghar hi is samasya se nahi nipte to bhavishya me kartvyo ka nirvaah nahikar paayenge. : लाल बहादुर शास्त्री

भ्रष्टाचार को पकड़ना बहुत कठिन काम है, लेकिन मैं पूरे जोर के साथ कहता हूँ कि यदि हम इस समस्या से गंभीरता और दृढ संकल्प के साथ नहीं निपटते तो हम अपने कर्तव्यों का निर्वाह करने में असफल होंगे. : Bhrashtachar ko pakadna bahut kathin kaam hai. lekin main poore jor ke stah kahna chahta hu ki yadi hum sheeghar hi is samasya se nahi nipte to bhavishya me kartvyo ka nirvaah  nahikar paayenge. - लाल बहादुर शास्त्री

एक विचार को प्रसार की उतनी ही आवश्यकता होती है जितना कि एक पौधे को पानी की आवश्यकता होती है। नहीं तो दोनों मुरझाएंगे और मर जायेंगे - ek vichaar ko phailaane kee utanee hee aavashyakata hotee hai kyonki ek paudhe ko paanee kee aavashyakata hotee hai. nahin to donon murajhaenge aur mar jaenge. : लाल बहादुर शास्त्री

एक विचार को प्रसार की उतनी ही आवश्यकता होती है जितना कि एक पौधे को पानी की आवश्यकता होती है। नहीं तो दोनों मुरझाएंगे और मर जायेंगे। : Ek vichaar ko phailaane kee utanee hee aavashyakata hotee hai kyonki ek paudhe ko paanee kee aavashyakata hotee hai. nahin to donon murajhaenge aur mar jaenge. - लाल बहादुर शास्त्री

हमारे देश की अनोखी बात यह है कि हमारे यहाँ हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, सिख, पारसी और अन्य सभी धर्मों के लोग रहते हैं। हमारे यहाँ मंदिर और मस्जिद, गुरुद्वारे और चर्च हैं। लेकिन हम यह सब राजनीति में नहीं लाते हैं। भारत और पाकिस्तान के बीच यही अंतर है - hamaare desh kee anokhee baat yah hai ki hamaare yahaan hindoo, muslim, eesaee, sikhaana, paarasee aur any sabhee dharmon ke log rahate hain. hamaare yahaan mandir aur masjid, gurudvaare aur charch hain. lekin ham yah sab raajaneeti mein nahin laate hain. bhaarat aur paakistaan ke beech ka antar hai. : लाल बहादुर शास्त्री

हमारे देश की अनोखी बात यह है कि हमारे यहाँ हिंदू, मुस्लिम, ईसाई, सिख, पारसी और अन्य सभी धर्मों के लोग रहते हैं। हमारे यहाँ मंदिर और मस्जिद, गुरुद्वारे और चर्च हैं। लेकिन हम यह सब राजनीति में नहीं लाते हैं। भारत और पाकिस्तान के बीच यही अंतर है। : Hamaare desh kee anokhee baat yah hai ki hamaare yahaan hindoo, muslim, eesaee, sikhaana, paarasee aur any sabhee dharmon ke log rahate hain. hamaare yahaan mandir aur masjid, gurudvaare aur charch hain. lekin ham yah sab raajaneeti mein nahin laate hain. bhaarat aur paakistaan ke beech ka antar hai. - लाल बहादुर शास्त्री