हम क्या सोचते हैं, क्या जानते हैं, और किसमें विश्वास करते हैं – अंततः ये बातें मायने नहीं रखतीं. हम क्या करते हैं वही महत्वपूर्ण है - hum kya sochte hain, kya janate hain aur kisme vishwas karte hain - antatah ye baatein maayne nahi rakhti , hum kya karte hain yah mahatva rkhata hai. : जॉन रस्किन

क्या आप जानना चाहते हैं कि आप कौन हैं? तो किसी से पूछिये मत। कार्य करना शुरू कर दें। आपका कार्य आपको परिभाषित एवं चित्रित कर देगा। : Kya aap janna chahte hain ki aap kaun hain? to kisi se puchhhiye mat, karya karna shuru kar dein aapka karya aapko paribhashit kar dega. - थॉमस जैफरसन